नई दिल्ली, 10 जून
केंद्र सरकार ने देश के शहरी विकास, बुनियादी ढांचे और भविष्य की अर्थव्यवस्था को नई दिशा देने के उद्देश्य से कई महत्वपूर्ण फैसले लिए हैं। केंद्रीय कैबिनेट की हालिया बैठक में ऐसे प्रस्तावों को मंजूरी दी गई है, जिनका असर आने वाले वर्षों में देश के विकास मॉडल पर साफ दिखाई दे सकता है। इन फैसलों में आंध्र प्रदेश की नई राजधानी अमरावती के विकास, अहमदाबाद मेट्रो रेल विस्तार और आर्थिक सशक्तिकरण के लिए सात प्रमुख संकल्पों को आगे बढ़ाने जैसे अहम कदम शामिल हैं।
कैबिनेट बैठक के बाद सूचना एवं प्रसारण मंत्री अश्विनी वैष्णव ने निर्णयों की जानकारी देते हुए बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक निर्वाचित प्रधानमंत्री के रूप में सबसे लंबे समय तक पद पर बने रहने का नया रिकॉर्ड स्थापित किया है। इस उपलब्धि को ऐतिहासिक बताते हुए कैबिनेट ने बैठक में एक विशेष प्रस्ताव भी पारित किया, जिसमें प्रधानमंत्री के इस रिकॉर्ड का उल्लेख किया गया।
बैठक में आंध्र प्रदेश की राजधानी अमरावती के विकास को लेकर भी महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। केंद्र सरकार ने वहां दो प्रमुख अवसंरचना परियोजनाओं को मंजूरी प्रदान की है। इन परियोजनाओं के लागू होने से सरकारी कार्यालयों, आवासीय परिसरों और अन्य बुनियादी सुविधाओं के विकास को गति मिलने की उम्मीद है। सरकार का मानना है कि इससे अमरावती को एक आधुनिक और सुव्यवस्थित राजधानी के रूप में विकसित करने में मदद मिलेगी।
शहरी परिवहन व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में भी कैबिनेट ने बड़ा कदम उठाया है। अहमदाबाद मेट्रो रेल परियोजना के चरण-2ए को मंजूरी दे दी गई है, जिसके तहत 6.032 किलोमीटर लंबा नया मेट्रो कॉरिडोर विकसित किया जाएगा। इस कॉरिडोर में पांच नए मेट्रो स्टेशन बनाए जाएंगे, जिससे शहर के विभिन्न हिस्सों के बीच आवागमन और अधिक सुगम हो सकेगा।
सरकार का कहना है कि इस विस्तार के पूरा होने के बाद अहमदाबाद और गांधीनगर के बीच कनेक्टिविटी पहले से कहीं अधिक मजबूत हो जाएगी। चरण-2ए के संचालन में आने के बाद दोनों शहरों को जोड़ने वाला कुल मेट्रो नेटवर्क 77.63 किलोमीटर तक पहुंच जाएगा, जिससे लाखों यात्रियों को आधुनिक और तेज सार्वजनिक परिवहन सुविधा उपलब्ध होगी।
इसके साथ ही केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश की अर्थव्यवस्था को भविष्य की चुनौतियों के अनुरूप तैयार करने के लिए सात महत्वपूर्ण संकल्प प्रस्तुत किए हैं। इन संकल्पों में डिजिटल अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देना, स्टार्टअप इंडिया को नई गति देना, नवाचार और उद्यमिता को प्रोत्साहित करना, कौशल विकास को प्राथमिकता देना तथा युवाओं को रोजगार के बेहतर अवसर उपलब्ध कराना शामिल है।
सरकार ने खेल और फिटनेस को भी इन संकल्पों का अहम हिस्सा बनाया है। इसके माध्यम से एक ऐसा कार्यबल तैयार करने की योजना है जो न केवल तकनीकी रूप से दक्ष हो, बल्कि शारीरिक रूप से भी स्वस्थ और प्रतिस्पर्धी हो। सरकार का मानना है कि इन पहलों से भारतीय कॉर्पोरेट जगत और सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम (एमएसएमई) क्षेत्र को मजबूत और नवाचारी मानव संसाधन उपलब्ध होगा, जो देश की आर्थिक प्रगति को नई ऊंचाइयों तक ले जाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।