टोरंटो, मई 22
कांगो के एक यात्री को इबोला प्रकोप से जुड़ी यात्रा प्रतिबंधों के बावजूद पेरिस से डेट्रॉइट जाने वाली एयर फ्रांस की उड़ान में सवार होने दिया गया। अमेरिकी सीमा शुल्क और सीमा सुरक्षा विभाग के प्रवक्ता ने बताया कि उस यात्री को अमेरिका में प्रवेश नहीं मिलना चाहिए था, क्योंकि अमेरिका ने इबोला के फैलाव को रोकने के लिए कांगो और कुछ अन्य अफ्रीकी देशों से आने वाले यात्रियों पर कड़े प्रतिबंध लगा रखे हैं।
प्रवक्ता ने बताया कि अधिकारियों ने तुरंत कार्रवाई करते हुए उस यात्री को ले जा रही उड़ान को डेट्रॉइट मेट्रोपॉलिटन वेन काउंटी एयरपोर्ट पर उतरने से रोक दिया और विमान को कनाडा के मॉन्ट्रियल की ओर मोड़ दिया। एयर फ्रांस ने भी पुष्टि की कि कांगो का यह यात्री अमेरिका में प्रवेश नहीं कर सका क्योंकि नए नियमों के तहत ऐसे देशों से आने वाले यात्रियों को केवल वॉशिंगटन के माध्यम से ही अमेरिका में प्रवेश करने की अनुमति है।
अमेरिकी गृह सुरक्षा विभाग ने कहा कि अमेरिका आने वाले सभी नागरिक और स्थायी निवासी जो पिछले 21 दिनों में कांगो, युगांडा या दक्षिण सूडान में रहे हैं, उन्हें अतिरिक्त जांच के लिए केवल वॉशिंगटन डलास अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से ही अमेरिका में प्रवेश करने की अनुमति होगी।