गुरदासपुर, 13 जून
गुरदासपुर जिले की तीन प्रमुख नगर परिषदों गुरदासपुर, दीनानगर और कादियां के चुनाव परिणाम घोषित होने के बाद राजनीतिक तस्वीर साफ हो गई है, जिसमें सत्तारूढ़ आम आदमी पार्टी को अपेक्षित सफलता नहीं मिल सकी। परिणामों में कांग्रेस ने दो नगर परिषदों में मजबूत बढ़त हासिल की, जबकि कादियां में शिरोमणि अकाली दल सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरा।
29 वार्डों वाली गुरदासपुर नगर परिषद में कांग्रेस ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 21 सीटों पर कब्जा जमाया और स्पष्ट बहुमत हासिल कर लिया। आम आदमी पार्टी को यहां 7 सीटों पर संतोष करना पड़ा, जबकि एक सीट निर्दलीय उम्मीदवार के खाते में गई। इस नगर परिषद में कई वार्डों पर करीबी मुकाबला देखने को मिला, जहां कुछ सीटें बेहद कम अंतर से तय हुईं। वहीं, आप और कांग्रेस दोनों ही ने कुछ वार्डों में बड़ी जीत भी दर्ज की।
दीनानगर नगर परिषद के 15 वार्डों में मुकाबला अपेक्षाकृत कड़ा रहा, जहां कांग्रेस ने 7 सीटें जीतकर बढ़त बनाई, जबकि आम आदमी पार्टी ने 6 सीटों पर जीत दर्ज की। भाजपा को यहां 1 सीट मिली। इस नगर परिषद में कई वार्डों में कड़े मुकाबले देखने को मिले और जीत का अंतर कई जगहों पर निर्णायक रहा, जिससे स्पष्ट हुआ कि मतदाता रुझान बंटा हुआ रहा।
कादियां नगर परिषद के 15 वार्डों में शिरोमणि अकाली दल ने 6 सीटें जीतकर सबसे बड़ी पार्टी का दर्जा हासिल किया। यहां कांग्रेस को 4, आम आदमी पार्टी को 2, भाजपा को 1 तथा निर्दलीय उम्मीदवारों को 2 सीटें मिलीं। इस नतीजे ने कादियां में मुकाबले को त्रिकोणीय और अधिक दिलचस्प बना दिया, जहां अकाली दल ने अन्य दलों को पीछे छोड़ते हुए बढ़त बनाई।
तीनों नगर परिषदों के कुल 59 वार्डों के संयुक्त परिणामों में कांग्रेस ने 32 सीटें जीतकर सबसे बड़ी राजनीतिक ताकत के रूप में अपनी स्थिति मजबूत की। आम आदमी पार्टी को 15 सीटें मिलीं, शिरोमणि अकाली दल को 6, भाजपा को 2 और निर्दलीय उम्मीदवारों को 3 सीटें हासिल हुईं।
इन नतीजों से साफ संकेत मिलता है कि गुरदासपुर जिले के शहरी इलाकों में मतदाताओं ने कांग्रेस को अधिक समर्थन दिया है, जबकि सत्तारूढ़ आम आदमी पार्टी को स्थानीय निकाय चुनावों में उम्मीद के मुताबिक बढ़त नहीं मिल सकी। कादियां में अकाली दल का उभरना भी राजनीतिक समीकरणों के लिए अहम माना जा रहा है।